कामाख्या वरदायिनी ….

योनिरूपा महाविद्या कामाख्या वरदायिनी । वरदाऽऽनन्ददा नित्या महाविभववर्द्धिनी ॥१॥ सर्वेषा जननी सापि सर्वेषां तारिणी मता । रमणी चैव सर्वेषां स्थूला सूक्ष्मा सदाशुभा ॥२॥

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रुद्राष्टध्यायी पीडीऍफ़

नागार्जुन यंत्राणि

‘नागार्जुनसिद्ध’ द्वारा प्रणीत ये सिद्ध यंत्र या कुछ रहस्य सङ्केत है , जिन्हें एक ‘जैनमंत्रवादपुस्तक’ से संग्रहित किया गया है। ये यंत्र अपने अंदर कुछ विशेष अर्थ गर्भित कियें हुए हैं ।